भारतेंदु हरिश्चंद्र

 भारतेंदु हरिश्चंद्र और उनका साहित्य

काव्य संग्रह :- 

प्रेम मालिका
प्रेम सरोवर
प्रेम माधुरी
प्रेम प्रलाप
प्रेम तरंग
फूलों का गुच्छा
वर्षा विनोद
विजय वल्लरी 

नाटक : - ( कुल सत्रह - मौलिक एवं अनूदित )

1.चंद्रावली
2.सती प्रताप
3.नील देवी
4.भरता दुर्दशा
5.अंधेर नगरी
6.विषस्य विषमौषधम
7.प्रेम योगिनी
8.वैदिक हिंसा हिंसा न भवति 
9.रत्नावली
10.पाखंड विडंबन
11.धनंजय विजय
12.मुद्राराक्षस
 13.कर्पूर मंजरी
14.दुर्लभ बंधु 
15.पांचवें पैगंबर
16.विद्यासुंदर
17.भारत जननी






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